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Farmers Protest News : किसान आंदोलन को लेकर 37 हजार से ज्यादा किसानों पर दर्ज है 136 एफआइआर, चढूनी बोले सभी देंगे गिरफ्तारी

Newz Fast, Bahadurgarh Farmers Protest News तीन कृषि कानूनों के विरोध में करीब नौ महीने से चल रहे आंदोलन में अब तक विभिन्न मामलों को लेकर 136 एफआइआर दर्ज हो चुकी हैं। इनमें 37 हजार से ज्यादा किसानों के खिलार्फ कार्रवाई होनी है। अब पुलिस की तरफ से हलचल शुरू...
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Farmers Protest News : किसान आंदोलन को लेकर 37 हजार से ज्यादा किसानों पर दर्ज है 136 एफआइआर, चढूनी बोले सभी देंगे गिरफ्तारी

Newz Fast, Bahadurgarh

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तीन कृषि कानूनों के विरोध में करीब नौ महीने से चल रहे आंदोलन में अब तक विभिन्न मामलों को लेकर 136 एफआइआर दर्ज हो चुकी हैं। इनमें 37 हजार से ज्यादा किसानों के खिलार्फ कार्रवाई होनी है।

अब पुलिस की तरफ से हलचल शुरू हुई तो हरियाणा के किसान नेता गुरनाम चढूनी किसानों के बचाव में उतर आए हैं। चढूनी ने अपने फेसबुक पेज के जरिये कहा है कि पुलिस द्वारा किसानों को नोटिस देकर थाने बुलाया जा रहा है। ऐसे में किसानों से अपील है कि काेई भी किसान पुलिस के नोटिस पर थाने में न जाए।Farmers Protest News

साथ ही चढूनी ने पुलिस को चेतावनी दी है कि अगर किसानों को गिरफ्तार ही करना है तो फिर पुलिस की ओर से एक तारीख तय कर देनी चाहिए। उसी दिन सभी किसान अपनी गिरफ्तारी खुद दे देंगे। हम जेलों को भरने के लिए तैयार हैं।

Farmers Protest News : किसान आंदोलन को लेकर 37 हजार से ज्यादा किसानों पर दर्ज है 136 एफआइआर, चढूनी बोले सभी देंगे गिरफ्तारी

दरअसल, पिछले दिनों संयुक्त किसान मोर्चा और गुरनाम चढृनी के बीच आरोप प्रत्यारोप का सिलसिला चला। जब चढूनी ने मिशन पंजाब की बात कहते हुए वहां पर चुनाव में संयुक्त किसान मोर्चा की तरफ से उम्मीदवार उतारने की बात कही तो उन्हें एक सप्ताह के लिए निलंबित कर दिया गया था।Farmers Protest News

 

इसके बाद भी संयुक्त मोर्चा की बैठक में पंजाब की चार जत्थेबंदियों पर कार्रवाई को लेकर बहस हुई तो गुरनाम चढूनी बैठक बीच में छोड़कर बाहर आ गए थे।

उन्होंने संयुक्त किसान मोर्चा और खासकर पंजाब की जत्थेबंदियों को लेकर कई आरोप लगाए थे। साथ ही तब तक मोर्चा की बैठक से दूर रहने का ऐलान किया था, जब तक पक्षपातपूर्ण रवैया दूर नहीं होता।Farmers Protest News

 

हालांकि उन्होंने आंदोलन में सक्रिय रहने की बात कही थी। उसके बाद मोर्चा की तरफ से चढूनी को लेकर नरम रुख अपनाया गया। माना जा रहा है कि तभी से चढूनी भी मौका पाकर आंदोलन में खुद को मजबूत बनाने में जुट गए।

इसके लिए वे खुद के साथ किसानों को जोड़ने की कोशिश कर रहे हैं। अब किसानों पर एफआइआर काे लेकर उन्होंने जो पुलिस को चेतावनी दी है, उसको इसी परिपेक्ष्य में देखा जा रहा है।Farmers Protest News