Narma Kapas Bhav 4 October 2026: नरमा-कपास की नई फसल मंडियों में पहुंचने लगी है और किसानों की नजर इस बात पर है कि नई आवक बढ़ने के साथ भाव किस दिशा में जाते हैं। हरियाणा, पंजाब, राजस्थान और गुजरात जैसे प्रमुख कपास उत्पादक राज्यों में अक्टूबर की शुरुआत के साथ मंडियों की गतिविधियां तेज हो रही हैं।
बता दें कि केंद्र सरकार ने 2026-27 के लिए कपास के न्यूनतम समर्थन मूल्य में भी बढ़ोतरी की है।
हालांकि, किसानों के लिए यह समझना जरूरी है कि नरमा का मंडी भाव, कपास का न्यूनतम समर्थन मूल्य और रूई का प्रति कैंडी व्यापारिक भाव तीन अलग-अलग चीजें हैं।
अलग-अलग इकाइयों के भाव की सीधी तुलना करने से बाजार की गलत तस्वीर सामने आ सकती है।
2026-27 में कपास का MSP कितना है?
केंद्र सरकार ने खरीफ विपणन सीजन 2026-27 के लिए कपास के न्यूनतम समर्थन मूल्य में ₹557 प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की है।
| कपास की श्रेणी | MSP 2026-27 |
|---|---|
| मध्यम रेशा कपास | ₹8,267 प्रति क्विंटल |
| लंबा रेशा कपास | ₹8,667 प्रति क्विंटल |
पिछले सीजन 2025-26 में मध्यम रेशा कपास का न्यूनतम समर्थन मूल्य ₹7,710 और लंबा रेशा कपास का ₹8,110 प्रति क्विंटल था।
यानी दोनों श्रेणियों में इस बार ₹557 प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की गई है।
MSP से नीचे भाव आया तो क्या होगा?
कपास की सरकारी खरीद के लिए भारतीय कपास निगम यानी CCI को प्रमुख एजेंसी बनाया गया है।
जहां पात्र गुणवत्ता की कपास का बाजार भाव लागू न्यूनतम समर्थन मूल्य से नीचे जाता है, वहां सरकारी खरीद व्यवस्था महत्वपूर्ण हो जाती है।
लेकिन किसान को MSP पर खरीद के लिए गुणवत्ता, नमी, पंजीकरण और दूसरी निर्धारित शर्तें पूरी करनी पड़ सकती हैं।
इसलिए किसी भी मंडी में कम गुणवत्ता या अधिक नमी वाली कपास का भाव देखकर यह निष्कर्ष नहीं निकालना चाहिए कि हर प्रकार की कपास MSP से नीचे बिक रही है।
पंजाब के मालवा में क्या है नरमा-कपास का भाव?
पंजाब के मालवा क्षेत्र में नई कपास की आवक बढ़ने लगी है।
30 सितंबर तक दक्षिण मालवा की मंडियों में 40 हजार क्विंटल से अधिक कपास पहुंचने की रिपोर्ट सामने आई थी।
फाजिल्का के मंडी अधिकारी के अनुसार किसानों को करीब ₹8,000 से ₹8,400 प्रति क्विंटल तक भाव मिल रहा था।
पंजाब में CCI ने अक्टूबर की शुरुआत में खरीद व्यवस्था भी सक्रिय करनी शुरू कर दी है।
बठिंडा, मानसा, मुक्तसर और फाजिल्का जैसे कपास उत्पादक जिलों के लिए खरीद केंद्र महत्वपूर्ण रहेंगे।
हरियाणा में नरमा-कपास का क्या भाव है?
हरियाणा की मंडियों में भाव गुणवत्ता और मंडी के अनुसार अलग-अलग चल रहे हैं।
2 अक्टूबर के उपलब्ध मंडी आंकड़ों में हिसार जिले की आदमपुर मंडी में कपास का मॉडल भाव ₹8,475 प्रति क्विंटल दर्ज हुआ।
यहां न्यूनतम भाव ₹8,450 और अधिकतम ₹8,501 प्रति क्विंटल दर्ज किया गया।
आदमपुर मंडी में करीब 327.7 टन आवक भी दर्ज की गई।
उकलाना में ₹8,390 प्रति क्विंटल
हिसार जिले की उकलाना मंडी में 2 अक्टूबर को कपास का मॉडल भाव करीब ₹8,390 प्रति क्विंटल रहा।
बरवाला में इसी तारीख को करीब ₹8,300 प्रति क्विंटल का मॉडल भाव दर्ज किया गया।
इससे साफ है कि एक ही जिले की अलग-अलग मंडियों में भी भाव में अंतर हो सकता है।
फतेहाबाद में ₹9,050 वाला दावा सही है?
किसानों के बीच फतेहाबाद में नरमा ₹8,800 से ₹9,050 प्रति क्विंटल बिकने जैसे भाव भी साझा किए जा रहे हैं।
लेकिन उपलब्ध हालिया मंडी आंकड़े इस पूरे दायरे को 4 अक्टूबर का सामान्य फतेहाबाद भाव साबित नहीं करते।
2 अक्टूबर को फतेहाबाद जिले की भुना मंडी में मॉडल भाव करीब ₹8,300 प्रति क्विंटल दर्ज हुआ।
इससे पहले सितंबर में जिले की अलग-अलग मंडियों में ₹8,500 से ₹8,800 के आसपास के भाव भी दर्ज हुए थे।
इसलिए ₹9,050 को पूरे फतेहाबाद जिले का मौजूदा सामान्य भाव बताना उचित नहीं होगा।
सिरसा में क्या चल रहा है भाव?
2 अक्टूबर के उपलब्ध आंकड़ों में सिरसा की नई अनाज मंडी में कपास का मॉडल भाव करीब ₹8,200 प्रति क्विंटल दर्ज हुआ।
हरियाणा के दूसरे हिस्सों में भी भाव अलग रहे।
उचाना में करीब ₹8,200 और रेवाड़ी में करीब ₹8,100 प्रति क्विंटल का मॉडल भाव दर्ज किया गया।
वहीं 1 अक्टूबर को सिवानी में मॉडल भाव ₹8,750 प्रति क्विंटल तक दर्ज हुआ था।
हरियाणा की कुछ मंडियों का हाल
| मंडी | तारीख | मॉडल भाव |
|---|---|---|
| आदमपुर, हिसार | 2 अक्टूबर | ₹8,475 |
| उकलाना, हिसार | 2 अक्टूबर | ₹8,390 |
| बरवाला, हिसार | 2 अक्टूबर | ₹8,300 |
| भुना, फतेहाबाद | 2 अक्टूबर | ₹8,300 |
| सिरसा नई अनाज मंडी | 2 अक्टूबर | ₹8,200 |
| उचाना, जींद | 2 अक्टूबर | ₹8,200 |
| रेवाड़ी | 2 अक्टूबर | ₹8,100 |
| सिवानी, भिवानी | 1 अक्टूबर | ₹8,750 |
नोट: ये उपलब्ध नवीनतम रिपोर्ट किए गए मॉडल भाव हैं। किसान की वास्तविक बोली गुणवत्ता, किस्म, नमी और मंडी की मांग के अनुसार अलग हो सकती है।
गुजरात का ₹64,100 वाला भाव क्या है?
गुजरात के कपास बाजार को लेकर सबसे ज्यादा भ्रम ₹64,100 के आंकड़े से हो सकता है।
2 अक्टूबर को Gujcot के अनुसार शंकर-6 कपास का औसत भाव ₹64,100 प्रति कैंडी था।
इसका मतलब यह नहीं है कि गुजरात की मंडी में किसान को नरमा ₹64,100 प्रति क्विंटल मिल रहा था।
कैंडी कपास व्यापार में इस्तेमाल होने वाली अलग इकाई है।
उसी बाजार आंकड़े में शंकर-6 का तुलनीय भाव करीब ₹18,025 प्रति क्विंटल दिया गया है, लेकिन यह भी जिनिंग के बाद वाली कपास का व्यापारिक भाव है, खेत से मंडी में आने वाले बीज सहित नरमा का भाव नहीं।
इसलिए इसे आदमपुर या भुना के ₹8,000 से ₹8,500 वाले नरमा भाव से सीधे तुलना नहीं करनी चाहिए।
आने वाले दिनों में किस पर रहेगी नजर?
अक्टूबर में नई फसल की आवक बढ़ने के साथ मंडियों में आपूर्ति का दबाव बढ़ सकता है।
दूसरी तरफ CCI की MSP खरीद, कपास की वास्तविक गुणवत्ता, घरेलू मिलों की मांग और अंतरराष्ट्रीय बाजार की चाल भाव की दिशा तय करने वाले महत्वपूर्ण कारक रहेंगे।
इसलिए अभी से यह दावा करना सही नहीं होगा कि नरमा निश्चित रूप से तेज होगा या भाव में बड़ी गिरावट आएगी।
किसानों के लिए सबसे उपयोगी रणनीति स्थानीय मंडी के ताजा भाव, CCI खरीद व्यवस्था और अपनी फसल की गुणवत्ता पर नजर रखना है।








